इस्लामाबाद। मेमोगेट मामले की जांच कर रही पाकिस्तान की एक संसदीय समिति ने पाकिस्तानी मूल के विवादास्पद अमेरिकी कारोबारी मंसूर एजाज को नया नोटिस जारी किया है। इसमें एजाज को 10 फरवरी को समिति के समक्ष तलब किया गया है।
एजाज बार-बार यह कहते रहे हैं कि उनकी जान को पाकिस्तान में खतरा है और ऐसे में वह यहां नहीं आ सकते। राष्ट्रीय सुरक्षा मामलों की संसदीय समित ने सरकार की ओर से एजाज के लिए मुहैया कराई जाने वाली सुरक्षा व्यवस्था पर संतोष जताया है।
पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी के वरिष्ठ नेता रजा रब्बानी की अध्यक्षता में हुई बैठक में समिति ने सुरक्षा इंतजामों की समीक्षा की।
एटॉर्नी जनरल अनवार-उल-हक ने समिति को एजाज के लिए किए जाने वाले सुरक्षा इंतजामों की जानकारी दी। इस दौरान हक ने समिति को एजाज के ब्लैकबेरी संदेशों के बारे में कनाडाई कंपनी रिम के साथ हुई बातचीत का भी ब्यौरा दिया। ब्लैकबेरी बनाने वाली कंपनी रिम ने पहले ही एजाज के संदेशों का विवरण उपलब्ध कराने संबंधी पाकिस्तानी सरकार के आग्रह को ठुकरा चुकी है।
एजाज ने मेमोगेट मामले के लिए शीर्ष न्यायालय की ओर से गठित न्यायिक आयोग के समक्ष भी उपस्थित नहीं हुए। सबसे पहले एजाज 16 जनवरी को तीन सदस्यीय न्यायाधीशों के आयोग के समक्ष पेश होने में नाकाम रहे थे। उसके बाद आयोग ने उनसे 24 जनवरी को उपस्थित होने के लिए कहा था और इस तारीख को भी वह सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए उपस्थित नहीं हुए।